by Gaurav Arya | Nov 9, 2016 | Astrology, Pujan, TANTRA
सूर्य साधना Surya Sadhna अथ सूर्य साधना सूर्य साधना सूर्य साधना आस्था और अध्यात्म पर बहुत ही सरल तरीके से दी जा रही है |इस साधना की दीक्षा लेकर सूर्य देव की साधना की जाये तो मानव उच्च स्थान को पता है अगर आपकी कुंडली में सूर्य देव नीच अवस्था में है और लाभकारी नही है...
by Gaurav Arya | Nov 8, 2016 | Astrology
नवग्रह स्तोत्र Nav Graha Strotam नवग्रह स्तोत्र जपाकुसुमसंकाशं काश्यपेयं महाद्युतिम्। तमोऽरिं सर्वपापघ्नं प्रणतोऽस्मि दिवाकरम्।।१।। दधिशख्ङतुषाराभं क्षीरोदार्णवसम्भवम्। नमामि शशिनं सोमं शम्भोर्मुकुटभूषणम्।।२।। धरणीगर्भसंभूतं ...
by Gaurav Arya | Nov 4, 2016 | Astrology, Palmistry
मस्तिष्क रेखा देर से आरम्भ होने वाली मस्तिष्क रेखा ऐसी मस्तिष्क रेखा को जीवन रेखा के अंदर या उससे ऊपर से आरम्भ न होकर शनि की उंगली के नीचे से आरम्भ होती है |कभी कभी यह दूसरी मस्तिष्क रेखा के साथ होती है इसको ढके रहती है |यह मस्तिष्क रेखा का दोष है |अतः दोषपूर्ण...
by Gaurav Arya | Nov 4, 2016 | Astrology, Palmistry
जीवन रेखा या आयु रेखा (Life Line in Palmistry) जीवन रेखा या आयु रेखा हस्त रेखा पद्धति में अंगूठे के तीसरे पोर को घेरने वाली रेखा आयु रेखा कहलाती है अगर यह रेखा दोनों हाथों में स्पष्ट रुप से गोला युक्त हो तो आयु का निश्चित प्रमाण भली प्रकार दिया जा सकता है |यहां एक...
by Gaurav Arya | Nov 4, 2016 | Astrology, Palmistry
रेखाओ की अध्ययन विधि हाथ की उंगलियों अनिल छोटी-छोटी रेखाएं होती हैं जिनका निर्माण गर्भ में 13 सप्ताह से होना शुरू हो जाता है यह लगभग 20 वें सप्ताह तक पूर्ण रूप से बन जाती है |और किसी समय वर्तमान भविष्य का विशेष हाथ की रेखा में स्पष्ट हो जाता है कि समय त्वचा में भी एक...
by Gaurav Arya | Nov 3, 2016 | Astrology, Palmistry
शनि ग्रह हस्त रेखा में (Saturn in Palmistry) शनि ग्रह दूसरी उंगली के मूल स्थान में स्थित होता है इस ग्रह के मुख्य गुण है एकांतप्रिय था बुद्धिमानी चुपचाप दृढ़ निश्चय करना गंभीर विषयों का ध्यान करना और भाग्य पर अंधविश्वास करना यदि यह बिल्कुल विकसित ना हो तो व्यक्ति मैं...