श्री शङ्कराचार्य कृतं – वेदसारशिवस्तोत्रम्

श्री शङ्कराचार्य कृतं – वेदसारशिवस्तोत्रम् पशूनां पतिं पापनाशं परेशं, गजेन्द्रस्य कृत्तिं वसानं वरेण्यम्। जटाजूटमध्ये स्फुरद्गाङ्गवारिं, महादेवमेकं स्मरामि स्मरारिम्॥ महेशं सुरेशं सुरारातिनाशं, विभुं विश्र्वनाथम् विभूत्यङ्गभूषम्। विरुपाक्षमिन्द्वर्कवह्निनेत्रं,...

Karan Pishachini Siddhi कर्ण पिशाचिनी सिद्धि

Karan Pishachini Siddhi कर्ण पिशाचिनी सिद्धि कर्ण पिशाचिनी की सिद्धि प्राप्त करना एक वाममार्गी साधना है और यह किसी भी सामान्य मनुष्य के लिए नहीं बनी है | यह साधना करने वाले व्यक्ति के कान के अंदर पिशाचिनी वस् जाती है कर्ण पिशाचिनी इसकी माता यक्षिणी है , यक्ष वो देवी...

सरकारी नौकरी है या नहीं ?

सरकारी नौकरी है या नही? यदि कुंडली में सूर्य, चंद्र और बुध एक साथ हैं तो ये योग माता-पिता के लिए अशुभ होता है। व्यक्ति मनोवैज्ञानिक या सरकारी अधिकारी होता है। अशांति और मानसिक तनाव का सामना करता है। 2. सूर्य, चंद्र और केतु एक साथ होते हैं तो रोजगार के लिए परेशानी होती...

क्षेत्रपाल पूजन

क्षेत्रपाल पूजन अब जिस लकड़ी के बाजोट पर विग्रह स्थापित किया है उससे अलग हट कर नीचे दाहिनी और एक सुपारी लाल कपडे पर स्थापित कर लाल पुष्प से ही क्षेत्रपाल पूजन करें एक फल और धुप दीप निम्न मन्त्र द्वारा करें मन्त् “क्षां क्षीं क्षुं क्षें क्ष: हुं स्थान क्षेत्रपाल धुप...

वीरभद्र पूजन

वीरभद्र पूजन भगवन शिव के प्रमुख गण वीरभद्र की स्थापना हेतु भैरव के साथ एक गोल सुपारी चावलों की ढेरी पर स्थापित कर काले टिल व् पुष्प से निम्न मन्त्र द्वारा करे मन्त्र     एह्येहि पुत्र रौद्रनाथ कपिल जटा भार भासुर त्रिनेत्र,      ज्वालामुखी सर्व विघ्नान नाशय-नाशय  ...